“मुख्यमंत्री सुखविन्दर सिंह सुक्खू ने कहा है कि अवैध और नकली शराब के मामलों में संपत्ति जब्त करने का प्रावधान करने वाला हिमाचल देश का पहला राज्य बन गया है”
शिमला 17 / 09 / 2024 (शब्द ) संतोष प्रजापति की रिपोर्ट
हाल ही में विधानसभा में हिमाचल प्रदेश आबकारी अधिनियम 2011 में संशोधन कर इस तरह की गैर-कानूनी गतिविधियों में शामिल लोगों पर नकेल कसने के लिए ये प्रावधान किए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने शिमला में बताया कि अवैध और नकली शराब बनाने के धंधे में शामिल लोगों पर लगाम कसने के लिए सरकार सख्त कार्रवाई कर रही है।
उन्होंने कहा कि नए प्रावधान अवैध शराब के धंधे जैसी गतिविधियों को नियंत्रित करने में बेहद मददगार साबित होंगे। मुख्यमंत्री के अनुसार सरकार प्रदेश में मादक पदार्थों की तस्करी और इसके इस्तेमाल से निपटने के लिए भी कई कदम उठा रही है।
उन्होंने कहा कि इन प्रावधानों कोे प्रभावशाली तरीके से लागू करने के लिए प्रवर्तन एजेसियों को सशक्त किया जा रहा है। इस तरह के मामलों के शीघ्र निस्तारण के लिए आबकारी पुलिस फोर्स के गठन का भी प्रावधान किया गया है।
मुख्यमंत्री ने मंडी में वर्ष 2022 में हुई घटना को दोहराया जहां नकली शराब पीने से आठ लोगों ने अपनी जान गंवा दी थी। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि नकली शराब के उत्पादन, भंडारण और बिक्री पर पूरी सख्ती बरती जाएगी ताकि भविष्य में इस तरह की घटना दोबारा न हो।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार राज्य में मादक पदार्थों की तस्करी और इस्तेमाल से निपटने के लिए भी कई कदम उठा रही है। राज्य सरकार 1200 से अधिक पुलिस कर्मियों की भर्ती कर रही है जिसका मुख्य उद्देश्य इस तरह की गतिविधियों से निपटना होगा।