दिल्ली में CM रेखा गुप्ता का ‘डिजिटल प्रहार’: जनसुनवाई पोर्टल, CSC सेवाएं और EWS एडमिशन के लिए लॉन्च किए नए ऐप, भ्रष्टाचार पर लगेगी लगाम
“राजधानी दिल्ली के नागरिकों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति दिलाने और प्रशासन को भ्रष्टाचार मुक्त बनाने के लिए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को कई अहम आईटी (IT) परियोजनाओं का शुभारंभ किया”
नई दिल्ली : THE POLITICS AGAIN : शिल्पा की रिपोर्ट
दिल्ली सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम में सीएम रेखा गुप्ता ने ‘जनसुनवाई पोर्टल एवं मोबाइल ऐप’, सीएससी (CSC) के माध्यम से ‘ई-डिस्ट्रिक्ट सेवाएं’ और ‘ईडब्ल्यूएस (EWS) एडमिशन ऑनलाइन प्लेटफॉर्म’ लॉन्च किए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘डिजिटल इंडिया’ विजन से प्रेरणा लेते हुए इन पहलों की शुरुआत की गई है।
इनका मुख्य उद्देश्य तकनीक के माध्यम से सरकार और जनता के बीच की दूरी को समाप्त कर ‘सुशासन’ स्थापित करना है।
‘CM जनसुनवाई पोर्टल’: घर बैठे करें DDA, MCD और पुलिस की शिकायत
मुख्यमंत्री ने बताया कि अब दिल्लीवालों को अपनी शिकायतें लेकर दर-दर नहीं भटकना पड़ेगा। नया ‘सीएम जनसुनवाई पोर्टल व ऐप’ एक एकीकृत मंच है, जहां एमसीडी, डीडीए, दिल्ली पुलिस और दिल्ली सरकार के सभी विभागों से जुड़ी शिकायतें एक ही जगह दर्ज की जा सकेंगी।
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शिकायत के 4 तरीके: ऑनलाइन पोर्टल, मोबाइल ऐप, कॉल सेंटर (1902) और सीएम कार्यालय।
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3-स्तरीय समाधान: शिकायतों के निवारण के लिए तीन स्तरीय प्रणाली (JSSA, AA, FAA) लागू की गई है।
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हर शिकायत की यूनिक आईडी बनेगी और एसएमएस से अपडेट मिलेगा। अगर नागरिक समाधान से असंतुष्ट है, तो मामला सीधे उच्च अधिकारियों तक पहुंच जाएगा।
EWS/DG एडमिशन में फर्जीवाड़ा होगा खत्म
शिक्षा में पारदर्शिता के लिए ईडब्ल्यूएस (EWS), वंचित समूह (DG) और विशेष आवश्यकता वाले बच्चों (CWSN) के दाखिलों के लिए एक नया, सुरक्षित और क्लाउड आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म शुरू किया गया है।
शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने बताया कि पहले बिचौलिए एक ही बच्चे के कई फॉर्म भरकर धांधली करते थे।
अब आधार लिंकिंग, आय प्रमाण पत्र की ऑनलाइन जांच और जन्म प्रमाण पत्र के डिजिटल वेरिफिकेशन से फर्जीवाड़ा पूरी तरह खत्म होगा। सीट आवंटन भी ऑटोमैटिक तरीके से होगा।
मात्र ₹30 में मिलेंगी 75 ई-डिस्ट्रिक्ट सेवाएं
डिजिटल डिवाइड को कम करने के लिए सरकार ने 75 ई-डिस्ट्रिक्ट सेवाओं (आय, जाति, निवास, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र आदि) को कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) नेटवर्क से जोड़ दिया है।
अब दिल्ली के 7,000 से अधिक सीएससी केंद्रों पर मात्र 30 रुपये के मामूली शुल्क में ये सेवाएं मिलेंगी, जिससे साइबर कैफे द्वारा होने वाली मनमानी और आर्थिक शोषण पर रोक लगेगी।
संपत्तियों का डिजिटल रिकॉर्ड और रियल-टाइम निगरानी
आईटी मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने बताया कि सरकार ‘एसेट मैनेजमेंट पोर्टल’ के जरिए पहली बार अपनी सभी संपत्तियों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार कर रही है।
वहीं ‘सीएम प्रगति’ पोर्टल से मुख्यमंत्री सीधे परियोजनाओं की रियल-टाइम निगरानी कर रही हैं। 200 से अधिक विभागों में ई-ऑफिस प्रणाली लागू की गई है और जल्द ही दिल्लीवासियों के लिए ‘व्हाट्सऐप आधारित सरकारी सेवाएं’ भी शुरू की जाएंगी।











